चलो,नवा छत्तीसगढ़ बनाबो
"चलो,नवा छत्तीसगढ़ बनाबो"
---------------------------------------------
बीतगे सो बीतगे,जुन्ना ले सीख़ के,
जिनगी के रद्दा ल चतराबो;
चलो,नवा छत्तीसगढ़ बनाबो।
ईर्ष्या-द्वेष ल छोड़के,सब संग मया जोड़के,
भाई-चारा बढ़ाबो;
चलो,नवा छत्तीसगढ़ बनाबो।
अन्धविश्वास ल मार के,बने सोच-विचार के,
पाँव ल आगू बढ़ाबो;
चलो,नवा छत्तीसगढ़ बनाबो।
कुरीति ल छोड़ के,नीत संग नाता जोड़ के,
सपना,पुरखा के सजाबो;
चलो,नवा छत्तीसगढ़ बनाबो।
आलस ल तियाग के,करम ल साज के,
माटी ले सोन उगाबो;
चलो,नवा छत्तीसगढ़ बनाबो।
गियान के जोत जलाके,नवा सुरुज उगाके,
सोये मनखे ल जगाबो;
चलो,नवा छत्तीसगढ़ बनाबो।
अपन संस्कृति ल बचाके,देस-दुनिया म बगराके
छत्तीसगढ़ के मान बढ़ाबो;
चलो,नवा छत्तीसगढ़ बनाबो।
-------------------------------------------------------------
राम कुमार चन्द्रवंशी
बेलरगोंदी(छुरिया)
जिला-राजनांदगाँव
9179798316
दिनाँक-17/12/17को दैनिक दावा में प्रकाशित।
Comments
Post a Comment